Wednesday, 27 April 2016

ध्यान तनाव मुक्ति का उपाय

                     तनाव ------------- संगत एक अहम वजह

यदि व्यक्ति नकारात्मक विचारों से युक्त, कुविचारों से युक्त, दुर्गुणों से युक्त व्यक्तियों से मित्रता रखता है,  उनके साथ उठना– बैठना पसंद करता है, उनके संग में  अधिकतम समय व्यतीत करता है|  तो ऐसा संग उसे तनाव की स्थिति में  लाकर अवश्य खड़ा कर देता है | दुर्गुणों से युक्त व्यक्ति के भीतर क्रोध, ईर्ष्या, हिंसा, अहंकार आदि की नकारात्मक वृत्तियाँ मन के  विचारों को दूषित कर देती हैं | ऐसे व्यक्तियों का संग भला तनाव के अतिरिक्त क्या दे सकता है | इसके विपरीत सद्गुणों से युक्त व्यक्तियों का संग सद्गुरु के चरणों में  समर्पित उनके  प्यारों का संग --- शांति, आनंद, प्रेम व सद्भावना प्रदान करता है तथा तनाव मुक्ति में सहायक होता है |
हम सभी ने अनुभव किया है कि किसी-किसी व्यक्ति से मिलकर, बात करके मन अशांत हो उठता है,  घुटन सी महसूस होती है | विकर्षण उत्पन्न होता है तथा शीघ्रातिशीघ्र उससे दूर जाने की इच्छा होती है| इसके विपरीत किसी-किसी व्यक्ति के समीप जाकर मन शांत होने लगता है, प्रेम तथा आनंद का अनुभव होने लगता है, उसके प्रति आकर्षण जागृत होता है, उसके पास ही बैठे रहने की  इच्छा  होती है | समस्याओं का समाधान मिलने लगता है तथा तनाव से राहत मिलने लगती है | यह संग का अदभुत् प्रभाव है | अतः यदि तनाव से मुक्ति चाहते हैं तो बुरे लोगों का संग छोड़कर भले व्यक्तियों का संग करना चाहिए | ऐसे व्यक्तियों का संग करना चाहिए जो साधक हों | ध्यान-साधना, भक्ति, तप से युक्त हों , सद्गुरु के चरणों में  समर्पित हों, सद्गुरु की शिक्षाओं का अनुपालन करते हों, वही सच्चे तथा हितकारक मित्र हैं,  शुभाकांक्षी हैं | उनका संग तनाव से मुक्ति प्रदान करता है, मन को शांत करता है |
अनेक जन्मों के पुण्यों के फलस्वरूप सद्गुरु की कृपा से किसी सौभाग्यशाली व्यक्ति को सद्गुरु के चरण कमलों का सान्निध्य प्राप्त होता है | ऐसे व्यक्ति का भाग्य जाग जाता है जिसे सद्गुरु सेवा का यह दुर्लभ अवसर व अपनी निकटता प्रदान करते हैं | इससे बढ़कर सौभाग्य नहीं हो सकता | सद्गुरु के सानिन्ध्य में रहकर, उनके दिशा निर्देशन में  सेवा करते – करते साधक  के भीतर के  कल्मष धुलने  लगते हैं | वह पवित्र होने लगता है , सद्गुरु की दिव्य किरणों, तरंगों व उनकी शिक्षाओं को आत्मसात्  करते – करते वह देवत्व की और अग्रसर होने लगता है |

 अतः  जीवन में संग के महत्व को जानने का प्रयास करें तथा तनाव मुक्ति  के लिए अच्छे व्यक्तियों का संग करने का प्रयास करें | 



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